
देश के प्रथम उपराष्ट्रपति भारतरत्न डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन का जन्मदिन 05 सितम्बर को शिक्षक दिवस के रूप में मनाया जाता है। इस अवसर पर संस्था ने कार्यालय रामनगर में शिक्षक सम्मान कार्यक्रम आयोजित कर समाज एवं शिक्षा के क्षेत्र में अपनी सक्रिय सहभागिता निभाने वाले शिक्षकों को सम्मानित किया गया।
इसी कड़ी में कार्यक्रम में सादर आमंत्रित प्रधान पाठिका श्रीमती सुनिता लांजेकार, लक्ष्मी राव, स्टेनली दास, तस्मीन खान, सज्जो खान, जसबीर कौर समेत अन्य गुरुजनों को संस्थापक मोहम्मद सज्ज़ाद खान जी ने पुष्पमाला, श्रीफल, शाल एवं स्मृति चिन्ह प्रदान कर उनकी सेवाओं की प्रशंसा करते हुए सम्मान किया।
मो. सज्जाद खान ने बताया कि हमारे जीवन को सँवारने में शिक्षक बड़ी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते है। गुरु-शिष्य परंपरा भारत की संस्कृति का एक अहम और पवित्र हिस्सा है। जीवन के सबसे पहले गुरु हमारे माता-पिता होते हैं, भारत में प्राचीन समय से ही गुरु व शिक्षक परंपरा चली आ रही है, लेकिन जीने का असली सलीका हमें शिक्षक ही सिखाते हैं। शिक्षक हमे सही मार्ग पर चलने के लिए प्रेरित करते हैं जिस हेतु समाज में गुरुजनों का सम्मान करना बेहद जरुरी है जिससे की आने वाली पीढ़ी शिक्षक को आदर्श मानकर अपना भविष्य उज्जवल कर सके।
संस्थापक, मो. सज्जाद खान के नेतृत्व में इस कार्यक्रम में राजेन्द्र शर्मा, पंडित अनिल शुक्ल, जुबैर खान, रिंकी शुक्ला, कुलविंदर सिंह, डॉ. गुलनार आलम, सलमा बेगम, सुरभि जैन, वसीम, नंदा रामटेके एवं अन्य सहित अन्य सदस्यगण सादर उपस्थित रहे।



